जिस उम्र में बच्चे A, B, C, D पढ़ना सीख रहे होते हैं, या आजकल मोबाइल पर 'दो मोटे हाथी झूमके चले' देख रहे होते हैं, एक ढाई साल की बच्ची तबला बजा रही है। वह भी ऐसा, जैसे कोई उस्ताद उंगलियों को तबले पर फिराता हो।
बड़े आराम से। धुन को पकड़ते हुए। वह पहले बोलती है फिर तबले से सुनाती है। सोशल मीडिया पर बच्ची का वीडियो आया, तो लोगों का जवाब कुछ ऐसा आ रहा।
''सच में ये तो बहुत छोटी बच्ची है।''
''सोचो, इतनी छोटी बच्ची तबला बजा रही है।''
''कमाल है। सच में ईश्वर का गिफ्ट है।''
''मां सरस्वती ने नन्ही परी को आशीर्वाद दिया है।''
इस बच्ची का नाम स्वरश्री हेगड़े है। हां, नाम में ही स्वर है। उम्र 2 साल 10 महीने। स्वरश्री के इस उम्र में 12 ताल सुनाने और बजाने के लिए इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में भी जगह मिली है।
एक ऐसी जुगलबंदी, जिसके लिए लोग कई साल लगा देते हैं। ताल सुनाने का मतलब उसके बोल से है और इसे बजाने के लिए रिदम और हाथ के मूवमेंट पर सटीक नियंत्रण की जरूरत होती है। एक बार फिर से वीडियो देखिए आप शायद बोल उठें- 'वाह बच्ची वाह'
स्वरश्री नॉर्थ कन्नड़ जिले के होन्नावर गांव की रहने वाली है। इनके पिता गुरुराज हेगड़े तबला वादक हैं और माता श्रीलता गायिका हैं यानी बच्ची को स्वर साधना विरासत में मिली है।
Her name is Swarshri Hegde she is 2 years 10 months old. But at this little age only she has made into India Book of Records for reciting,playing 12 taals in Tabala. She is from Honnavara Uttara Kannada Karnataka. Congratulations to little Swarshri 😍👏💐 https://t.co/U5TjJKT35N
— Adarsh Hegde (@adarshahgd) October 24, 2026
सोशल मीडिया पर कुछ लोग लिख रहे हैं कि ढाई साल की उम्र में इस बच्ची ने 'स्वर' में जो उच्च दर्जा हासिल किया है, उसके लिए याददाश्त और एकाग्रता की जरूरत होती है।




