दिल्ली-NCR वालों के लिए आज का मौसम कुछ अलग है। दिन निकलने से पहले ही आसमान में बादल आ गए थे। सूर्यदेवता इन्हीं बादलों की ओट में कहीं छिपे हैं। नीचे सड़कें गीली हैं, हां क्योंकि जब हम सो रहे थे, दबे पांव बारिश आई थी। बहुत तेज तो नहीं, हल्की ही थी। मौसम विभाग ने पहले ही इसकी भविष्यवाणी कर दी थी। इस बारिश ने क्या प्रदूषण कम किया तो जवाब है नहीं क्योंकि दिल्ली के तीन से चार इलाके अब भी रेड जोन में हैं। AQI का मीटर देखेंगे तो नंबर 300 के पार है।
तो क्या दिल्ली-एनसीआर में आई बारिश की वजह अर्नब तूफान है? पूरी तरह हां नहीं कह सकते, पर हां मौसम बदला तो है। दिल्ली के लिए मौसम विभाग ने आज और कल के लिए गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया है। उधर, ओडिशा, आंध्र प्रदेश में तबाही मचाने के बाद तूफान 'अर्नब' कमजोर पड़ने लगा है। मौसम विभाग ने इसके कमजोर होकर 'डीप डिप्रेशन' (गहरे दबाव के क्षेत्र) में बदलने की संभावना है।
आइए आपको अर्नब तूफान के साथ मौसम का अपडेट और हवा की क्वॉलिटी भी बता देते हैं।
पहले बात दिल्ली-एनसीआर के मौसम की
दिल्ली-एनसीआर में आज और कल बारिश का अलर्ट है। तड़के मौसम ने करवट ली और कई इलाकों में हल्की बारिश हुई। आज दिनभर बादल छाने के साथ हल्की बारिश होती रहेगी। आज अधिकतम तापमान 29 डिग्री तो न्यूनतम 18 डिग्री सेल्सियस पर रहेगा। 30 अक्टूबर को बी यही मौसम रहेगा। 31 अक्टूबर से 2 नवंबर के बीच बारिश के कोई आसार नहीं हैं। इस दौरान अधिकतम तापमान 31 डिग्री तो न्यूनतम 17 डिग्री तक जाएगा।
दिल्ली से सटे राज्यों की बात करें तो पंजाब-हरियाणा में भी आज और कल गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट है। पहाड़ी राडज्य भी इससे अछूते नहीं हैं। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 30 अक्टूबर को भारी बारिश की चेतावनी है। आज पूर्वी यूपी में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। मौसम विभाग ने इस बाबत रेड अलर्ट जारी किया है। 30 के लिए भी ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है।

इन राज्यों में मध्यम बारिश
- 29 अक्टूबर से 3 नवंबर: रायलसीमा और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराईकल।
- 29 अक्टूबर से 1 नवंबर: केरल और माहे।
- 29 अक्टूबर से 3 नवंबर: तेलंगाना।
- 30 अक्टूबर से 3 नवंबर: तटीय आंध्र प्रदेश और यानम।
- 31 अक्टूबर से 3 नवंबर: उत्तर आंतरिक कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक।
भारी से बहुत भारी बारिश
- 29 अक्टूबर: तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में भारी बारिश।
- 1 से 3 नवंबर: तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में भारी बारिश।
- 2 और 3 नवंबर: केरल और माहे में भारी बारिश।
- 3 नवंबर: तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में भारी बारिश।
- 29 अक्टूबर: झारखंड और ओडिशा में बहुत भारी बारिश।
- 29 और 30 अक्टूबर: बिहार में बहुत भारी बारिश, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भारी बारिश।
- 1 और 2 नवंबर: ओडिशा में भारी बारिश।
- छत्तीसगढ़ में अत्यंत भारी बारिश; विदर्भ में बहुत भारी बारिश; पूर्वी मध्य प्रदेश में भारी बारिश।
दिल्ली की हवा कैसी है?

देश के 10 शहरों का हाल

'अर्नब' का क्या अपडेट है?
ओडिशा, आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु , छत्तीसगढ़ और झारखंड अर्नब तूफान ने अपना खूब असर दिखाया। अब यह कमजोर पड़ रहा है। IMD ने बताया कि 'अर्नब' बुधवार शाम को तटीय आंध्र प्रदेश और उससे सटे पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी पर स्थित था। इसके आधी रात तक और कमजोर होकर 'डीप डिप्रेशन' (गहरे दबाव के क्षेत्र) में बदलने की संभावना है। मौसम विभाग ने कहा कि अगले 24 घंटों में इस तूफान के लगातार उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है। बुधवार आधी रात तक इसके और कमजोर होकर 'डीप डिप्रेशन' में तब्दील होने और उसके बाद धीरे-धीरे और कमजोर पड़ने का अनुमान है।
इस बीच, एनडीआरएफ (NDRF) के डीआईजी (ऑपरेशंस) एस.एस. सूदन ने बताया कि चक्रवात के मद्देनजर आंध्र प्रदेश के निचले और तटीय इलाकों से 55000 से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि अब तक तीन लोगों की मौत की खबर है।

इसके अलावा, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने चक्रवात प्रभावित लोगों के लिए वित्तीय सहायता और राहत उपायों की घोषणा की। उन्होंने कहा कि वह नुकसान का जायजा लेने के लिए गुरुवार दोपहर को प्रभावित क्षेत्रों, मुख्य रूप से कोनासीमा और पश्चिमी गोदावरी जिलों का दौरा करेंगे। उन्होंने बताया कि उन्होंने चक्रवात से हुए नुकसान की भरपाई में मदद के लिए केंद्र सरकार को पत्र लिखा है और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भी तूफान की तीव्रता व आंध्र प्रदेश पर इसके असर के बारे में पूरी जानकारी दी है।
चक्रवात 'अर्नब' के कारण 27 अक्टूबर से 5 नवंबर के बीच कम से कम 22 एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनों को रद्द या निलंबित कर दिया गया है। सबसे ज्यादा प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए भारत सरकार ने एनडीआरएफ और रक्षा बलों की मदद से कल रात आंध्र प्रदेश में एनडीआरएफ की चार अतिरिक्त टीमें तैनात की हैं। इन टीमों को भारतीय वायु सेना के विमानों की मदद से वहां पहुंचाया गया।

मुख्यमंत्री नायडु ने उन परिवारों के लिए राहत उपायों की घोषणा की जिनके घरों में पानी भर गया था, साथ ही बुनकरों और मछुआरों जैसे कमजोर वर्गों के लिए भी सहायता का ऐलान किया।
जिन परिवारों के घरों में पानी भरा है, उन्हें 25 किलो चावल दिया जाएगा।
बुनकरों और मछुआरों को 50 किलो चावल के साथ-साथ एक-एक किलो प्याज, खाने का तेल और अरहर की दाल दी जाएगी।
मुख्यमंत्री के अनुसार, प्रभावित लोगों को 1,000 रुपये प्रति व्यक्ति की आर्थिक मदद भी दी जाएगी।
चक्रवात के कारण जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों को 5-5 लाख रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की गई।
मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए नायडू ने कहा कि चक्रवात से जुड़े हादसों में अब तक चार लोगों की मौत की खबर है।
National Bulletin No. 30 based on 2330 hrs IST of 28th October, 2026: Cyclonic storm Arnab weakened into a deep depression The cyclonic storm “Arnab” over Coastal Andhra Pradesh & Yanam and adjoining Westcentral Bay of Bengal, moved nearly northwards with the speed of 15 kmph during past 6 hours, weakened into a Deep Depression and lay centered at 2330 hrs IST of yesterday, the 28th October, over the north coastal Andhra Pradesh and adjoining areas of South Odisha, south Chhattisgarh and northeast Telangana near latitude 17.8°N and longitude 81.8°E, about 60 km South of Malkangiri (Odisha), 90 km west-southwest of Paderu (Andhra Pradesh), 140 km south of Jagdalpur (Chhattisgarh), and 190 km east-northeast of Khammam (Telengana). Continuing to move nearly northwards, it is very likely to weaken into a Depression by today, the 29th October, 2026 morning and into a well marked low pressure area in the same evening. The system is under continuous surveillance of the Doppler Weather Radar at Gopalpur, Raipur and Sambalpur. @moesgoi @DDNewslive @PIB_India @ndmaindia
— India Meteorological Department (@Indiametdept) October 28, 2026
चक्रवात 'अर्नब' का असर कमजोर पड़ने के साथ ही ओडिशा के रायगड़ा जिले में भारी बारिश थम गई है। तात्कालिक खतरा टल गया है, फिर भी प्रशासन ने एहतियात के तौर पर हाई अलर्ट जारी रखा है। जिला कलेक्टर आशुतोष कुलकर्णी ने बताया कि बुधवार सुबह 8:30 बजे समाप्त हुए 24 घंटों के दौरान जिले में 40 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिसके बाद शाम तक 26 मिमी अतिरिक्त बारिश हुई।




