In Depth Analysis: एशियन गेम्स 2026 में भारत ने कितना पाया, कितना खोया

एशियन गेम्स 2026 में भारत ने 21 गोल्ड के साथ कुल 85 मेडल्स जीतकर लगभग 2023 वाला प्रदर्शन ही दोहराया है। इस बार कई खेल ऐसे रहे, जहां देश को पहली बार मेडल मिला तो कई खिलाड़ियों ने बरसों का सूखा खत्म किया। एशियन गेम्स में भारत के प्रदर्शन का विश्लेषण।

जापान के आइची नगोआ में संपन्न हुए एशियन गेम्स 2026 में भारत के ये कुछ आंकड़े हैं। इस बार भारत 21 गोल्ड के साथ 85 मेडल्स जीतकर चौथे स्थान पर रहा। यह एशियन गेम्स में 2022 के बाद दूसरा सबसे बेस्ट परफॉर्मेंस है। 2022 के हांगझोऊ एशियन गेम्स में भारत ने 28 गोल्ड के साथ 106 पदक अपने नाम किए थे। इस बार इसमें करीब 20 फीसदी की गिरावट रही।

(नोट- ध्यान रहे कि होंगझाऊ 2022 एशियन गेम्स कोरोना के चलते 2023 में आयोजित हुए थे।)

भारत की शुरुआत गोल्ड मेडल के लिहाज से भले धीमी रही, पर एशियन गेम्स के अंत तक प्लेयर्स ने शानदार प्रदर्शन किया। 2 अक्टूबर को भारत ने सबसे ज्यादा 6 गोल्ड जीते तो 3 अक्टूबर को 5 गोल्ड जीतकर अंतिम दो दिनों में 11 स्वर्ण पदक हासिल कर लिए और रैंकिंग में चौथे स्थान पर काबिज हो गया। ध्यान देने वाली बात यह है कि 12 दिनों तक भारत के खाते में सिर्फ 10 गोल्ड थे।

एशियन गेम्स में भारत के प्रदर्शन पर एक नजर डाल लेते हैं-

वो खेल जहां पहली बार भारत ने किया कमाल

भारत को किस खेल में मिले सबसे ज्यादा पदक? 

किस खेल में मिले कितने गोल्ड मेडल?

1. तीरंदाजी: 5 गोल्ड (सबसे ज्यादा)

2. बॉक्सिंग: 3 गोल्ड

3. शूटिंग: 3 गोल्ड

4. कुश्ती: 2 गोल्ड

5. हॉकी: 2 गोल्ड (पुरुष और महिला दोनों टीम)

6. क्रिकेट: 2 गोल्ड (पुरुष और महिला दोनों टीम)

7. कबड्डी: 2 गोल्ड (पुरुष और महिला दोनों टीम)

8. एथलेटिक्स: 1 गोल्ड (महिला 4x400m रिले)

9. गोल्फ: 1 गोल्ड (प्रणवी उर्स - महिला व्यक्तिगत)

एशियन गेम्स 2022 के मुकाबले 2026 में क्या स्थिति? 


पिछली बार से 21 कम मेडल, कहां चूक गया भारत?

भारत की शुरुआत इस बार काफी धीमी रही थी। आप इस आंकड़े से अंदाजा लगा सकते हैं कि एशियन गेम्स के शुरू के 12 दिन भारत के हिस्से सिर्फ 10 गोल्ड आए थे। हालांकि भारत ने गेम्स के अंत तक गोल्ड मेडल्स की संख्या में तेजी से इजाफा किया और 21 स्वर्ण पदक सहित 85 मेडल्स जीतकर चौथे पर रहा। भारत की रैंकिंग में 2022 हांगझोऊ एशियन गेम्स के मुकाबले कोई अंतर नहीं रहा पर कई खेल ऐसे रहे जहां खिलाड़ियों ने निराश किया।

1. शूटिंग

2026 एशियन गेम्स में भले भारत का दूसरा सबसे बेस्ट प्रदर्शन रहा, लेकिन 2022 के झांगझोऊ एशियन गेम्स से तुलना करने पर गिरावट देखी गई है। 2022 एशियन गेम्स में भारत ने 7 गोल्ड, 9 सिल्वर और 6 ब्रॉन्ज मिलाकर 22 मेडल जीते थे, पर इस बार यह संख्या घटकर 3 गोल्ड, 8 सिल्वर, 4 ब्रॉन्ज तक ही रह गई यानी 4 गोल्ड सहित 7 मेडल कम हो गए। हालांकि इस बार भारत को महिला ट्रैप, मिक्स्ड ट्रैप, मिक्स्ड 10m एयर पिस्टल में 3 गोल्ड मिले जो पहली बार है।

2. एथलेटिक्स

शूटिंग की तरह यहां भी वही हाल है। इस बार सबसे ज्यादा मेडल एथलेटिक्स ने दिलाए पर 2022 झांगझोऊ एशियन गेम्स के मुकाबले 5 मेडल कम रह गए। 2022 झांगझोऊ एशियन गेम्स में भारत ने एथलेटिक्स वाले क्षेत्र में 6 गोल्ड, 14 सिल्वर, 9 ब्रॉन्ज सहित 29 मेडल जीते थे पर इस बार 1 गोल्ड, 9 सिल्वर, 14 ब्रॉन्ज सहित 24 मेडल पर संतोष करना पड़ा। भारत के हिस्से पिछली बार की तुलना में 5 मेडल कम आए।

3. रोइंग

रोइंग में भी भारत के मेडल कम हुए हैं। 2022 झांगझोऊ एशियन गेम्स के मुकाबले इस बार भारत को 4 मेडल कम मिले। पिछली बार भारत को 0 गोल्ड, 2 सिल्वर, 3 ब्रॉन्ज सहित 5 मेडल मिले थे, लेकिन इस बार यह संख्या 0 गोल्ड, 0 सिल्वर, 1 ब्रॉन्ज सहित 1 मेडल पर ही थम गई।

4. बैडमिंटन

बैडमिंटन में पीवी सिंधू और लक्ष्य सेन जैसे सितारों से उम्मीदें थीं, लेकिन उन्होंने निराश किया। नतीजा भारत इस बार सिर्फ 2 मेडल ही जीत पाया। हालांकि यह 2022 के एशियन गेम्स के मुकाबले 1 ही कम है। 2022 में भारत को 1 गोल्ड, 1 सिल्वर, 1 ब्रॉन्ज सहित कुल 3 मेडल मिले थे पर इस बार सिर्फ 1 ब्रॉन्ज मेडल से ही संतोष करना पड़ा।

5. टेनिस

टेनिस का हाल भी बैडमिंटन सरीखा ही रहा। 2022 के मुकाबले भारत के यहां भी मेडल कम हुए। झांगझोऊ एशियन गेम्स में भारत ने तब 0 गोल्ड, 1 सिल्वर, 1 ब्रॉन्ज सहित 2 मेडल जीते थे, पर इस बार एक भी मेडल नहीं जीत पाया। 1986 के बाद पहली बार है जब भारत ने टेनिस में कोई मेडल नहीं जीता।

6. घुड़सवारी (Equestrian)

घुड़सवारी में भी भारत के हिस्से इस बार कुछ नहीं आया। भारत को टेनिस की ही तरह 0 मेडल मिला। 2022 में हिंदुस्तान ने 2 मेडल जीते थे।

7. स्क्वैश

2022 के मुकाबले यहां भी भारत के मेडल्स कम हुए। तब भारत ने 2 गोल्ड, 1 सिल्वर, 2 ब्रॉन्ज सहित 5 मेडल अपने नाम किए थे, पर इस बार यानी 2026 एशियन गेम्स में ये संख्या तो बराबर रही पर गोल्ड मेडल नहीं आया। 0 गोल्ड, 2 सिल्वर, 3 ब्रॉन्ज सहित 5 मेडल भारत को मिले।

8. सेलिंग (नौकायन)

सेलिंग में भी मेडल संख्या बराबर रही पर गोल्ड नहीं आया। 2022 में सेलिंग में भारत ने 1 गोल्ड, 1 सिल्वर, 1 ब्रॉन्ज सहित 3 मेडल जीते थे और 2026 में भारत ने 0 गोल्ड, 1 सिल्वर, 2 ब्रॉन्ज सहित 3 ही मेडल अपने नाम किए। अंतर गोल्ड मेडल का रहा।

9. वेटलिफ्टिंग

2026 एशियन गेम्स में इस बार वेटलिफ्टिंग में एक ही मेडल से संतोष करना पड़ा। मीराबाई चानू ने एकमात्र सिल्वर जीता था। 2022 में भारत ने 0 गोल्ड, 0 सिल्वर, 2 ब्रॉन्ज सहित 2 मेडल जीते थे। अच्छी बात रही कि भारत ने सिल्वर मेडल जीतकर पहली बार यह पदक जीता।